श्रीकृष्ण की प्रसन्नता ही सच्ची भक्ति का आधार है पूर्ण शरणागत भक्त अपने प्रत्येक कर्म को प्रभु की सेवा और प्रसन्नता के लिए करता है। उसके लिए केवल पूजा-पाठ ही नहीं, बल्कि स्नान, भोजन, शयन और दैनिक जीवन का प्रत्येक कार्य भी भजन का ही एक अंग बन जाता है। जब मन और कर्म दोनों….
